देवभूमि उत्तराखंड से एक दर्दनाक खबर सामने आई है। नवविवाहिता के साथ उसके ससुराल वालों ने कथित तौर पर क्रूरता की, और दहेज को लेकर उसके पति पर भी शिंकजा डाला गया। सुबह उसने अपने भाई को कॉल करके मदद की गुहार लगाई, लेकिन देर रात की ये खबर परिवार और समाज में मातम का कारण बन गई पूरी खबर अपनी इस रिपोर्ट के जरिए। दोस्तो रौगटे खड़े कर देने वाली ये खबर कई और से नहीं बल्की आई अपनी अस्थाई राजधानी देहरादून से यहां जिस किसी ने भी इस खबर को सुना देखा उसकी रूह तक कांप उठी, जहां एक और नवविवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है। शादी के महज तीन महीने बाद महिला की मौत की खबर मिलने से मायके पक्ष में शोक और आक्रोश का माहौल है। परिजनों ने ससुराल पक्ष पर दहेज के लिए हत्या करने का आरोप लगाया है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने पति सहित पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है, लेकिन दोस्तो ये पूरा मामला है क्या और पुलिस का क्या कहना है वो भी आगे देखिए जो जानकारी मिली वो ये कि पूरा मामला शहर के रिस्पना नगर क्षेत्र का बताया जा रहा है।
पुलिस को दी गई तहरीर में मृतका के भाई सलमान आसिफ, निवासी रुद्रप्रयाग, ने बताया कि उनकी बहन कहकशा आलम का निकाह 19 नवंबर 2025 को देहरादून निवासी शहबाज आलम के साथ हुआ था। परिवार के अनुसार विवाह के समय ससुराल पक्ष की मांग के अनुसार दहेज भी दिया गया था। वहीं दोस्तो आरोप है कि शादी के कुछ समय बाद ही ससुराल वालों का व्यवहार बदलने लगा। परिजनों का कहना है कि अतिरिक्त दहेज की मांग को लेकर कहकशा को लगातार मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा था। मृतका ने कई बार फोन पर अपने परिवार को इस बारे में जानकारी भी दी थी। दोस्तो परिजनों के मुताबिक 18 फरवरी 2026 को कहकशा ने फोन कर बताया था कि उससे 50 हजार रुपये की मांग की जा रही है। इसके बाद 3 मार्च की रात करीब 11 बजे भी उसने अपने भाई से संपर्क कर बताया कि पैसों के लिए उस पर दबाव बनाया जा रहा है। दोस्तो उसी रात लगभग डेढ़ बजे ससुराल पक्ष से फोन आया और कहा गया कि उसकी तबीयत अचानक बिगड़ गई है और उसे अस्पताल ले जाया गया है। परिवार का आरोप है कि अस्पताल पहुंचने पर उन्हें जानकारी मिली कि कहकशा को मृत अवस्था में ही अस्पताल लाया गया था। इस बात ने पूरे मामले को और संदिग्ध बना दिया। मायके पक्ष ने इसे दहेज के लिए की गई हत्या बताया है।
दोस्तो पुलिस ने मृतका के भाई की तहरीर के आधार पर पति शहबाज आलम, सास खुशनुदा, ससुर यासीन, देवर सरताज और ननद शबनम के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट सहित अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस घटना से दोनों परिवारों के बीच तनाव का माहौल है। वहीं, एक नवविवाहिता की असामयिक मौत ने दहेज प्रथा और घरेलू हिंसा जैसे गंभीर सामाजिक मुद्दों को एक बार फिर चर्चा के केंद्र में ला दिया है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही घटना की वास्तविक परिस्थितियों का स्पष्ट खुलासा हो सकेगा। देवभूमि उत्तराखंड में इस दर्दनाक घटना ने एक बार फिर दहेज प्रथा और घरेलू हिंसा जैसे गंभीर सामाजिक मुद्दों को उजागर कर दिया है। एक नवविवाहिता की असामयिक मौत ने परिवार और समाज में मातम फैला दिया है, और दोनों पक्षों के बीच तनाव की स्थिति बनी हुई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है, और पोस्टमार्टम रिपोर्ट तथा अन्य साक्ष्यों के आधार पर ही अब आगे की कानूनी कार्रवाई होगी। यह मामला हमें याद दिलाता है कि परिवार और समाज में समानता, सुरक्षा और न्याय सुनिश्चित करना कितना जरूरी है।