‘देहरादून बदल गया…नशा और जमीन माफिया हावी?’ | Divyanshu Jatarana | Rakes Tikait | Uttarakhand News

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दोस्तो बीते कुछ वक्त में अपनी दून पुलिस की खूब किरकिरी हुई है। कानून व्यवस्था के खाराब होने को लेकर खूब सवाल हुए लेकिन अब जहां एक सनसनीखेज मामले में पुलिस का सख्त एक्शन देखने को मिला है। दिव्यांशु जटराना केस में आरोपियों को नंगे पैर, हाथों में हथकड़ी लगाकर सड़कों पर परेड कराई गई और उनसे सार्वजनिक तौर पर माफी भी मंगवाई। वीडियो देखेंगे कार्रवाई का तो दंग रह जाएगे। जी हां दोस्तो ‘नंगे पैर, हाथ में हथकड़ी, मांगी माफी’, गिड़गिड़ाते रहे आरोपी और पुलिस ने डंडों से ऐसा हाका कि अब कोई भी अपराध करने से पहले सौ बार सोचेंगे आपराधी यकीन मामनिये दोस्तो पुलिस ने आरोपियों की ऐसी कराई परेड और ऐसा एक्शन पहलने नहीं देखा होगा आपने मामला दिव्यांशु जटराना के गुनहगारों को सजा का था और जब आरोपी पड़क में आए तो भी एक ततस्वीर ये निकल कर आई। दोस्तो इस कार्रवाई ने पूरे इलाके में हलचल मचा दी है। लोग इसे त्वरित न्याय और सख्त संदेश के तौर पर देख रहे हैं, तो वहीं कुछ सवाल भी उठ रहे हैं कि क्या इस तरह की कार्रवाई कानून के दायरे में है? आखिर क्या है पूरा मामला, कौन हैं आरोपी और पुलिस ने इतना बड़ा कदम क्यों उठाया? क्या यह अपराधियों के लिए चेतावनी है या फिर किसी नई बहस की शुरुआत? सब मै आपको बताने वाला हूं इस वीडियो।

दोस्तो पहले उत्तराखंड पुलिस केलिए इन जयकारों को देखिए और इस वीडियो को पूरा देखिए। जी हां दोस्तो हाथ में हथगड़ी और गिड़गिड़ाना तो आप सुन ही रहें होंगे। पैरों में चप्पल नहीं और फिर सुरु हुई सड़क पर परेड। जहां लोग मारो-मारो के नारे लगाते दिखाई दिए। दोस्तो मामला कुछ यूं है गौर कीजिए देहरादून के थाना प्रेमनगर क्षेत्र के अंतर्गत छात्रों के दो गुटों के बीच विवाद के बाद छात्र दिव्यांशु जटराना की हत्या कर कर दी गई थी। हत्या के बाद फरार दो आरोपी प्रहलाद राज और अंकुर पर 25-25 हजार रुपए का ईनाम रखा गया था जिन्हें थाना प्रेमनगर पुलिस ने दो दिन पहले गिरफ्तार किया। आज 11 अप्रैल को थाना प्रेमनगर पुलिस ने क्षेत्र में दोनों आरोपियों की परेड करवाई। इस दौरान पुलिस ने छात्रों के बीच दोनों को रोककर माफी भी मंगवाई। प्रेमनगर थानाध्यक्ष ने कहा कि, जो लोग जुर्म करते हैं, उनका यही हाल होता है। दोस्तो

23 मार्च की रात केहरी गांव, प्रेमनगर में छात्रों के 2 गुटों के बीच हुई मारपीट की घटना में एक छात्र दिव्यांशु जटराना गंभीर रूप से घायल हो गया था. इलाज के दौरान अस्पताल में छात्र की मौ’त हो गई थी। मामले में मृ’तक के परिजनों द्वारा दी गई तहरीर के आधार पर थाना प्रेमनगर पर मुकदमा दर्ज किया गया। घटना में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए घटना में शामिल चार आरोपी युवराज कुमार, मधुर खंडेलवाल, शिवम शर्मा और अंकित भारद्वाज को पहले गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। दोस्तो आरोपियों से पूछताछ में सात आरोपियों के नाम सामने आए थे जिनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों द्वारा लगातार अन्य राज्यों में दबिश दी जा रही थी लेकिन आरोपी अपनी गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार अलग-अलग राज्यों में अपने ठिकाने बदल रहे थे। आरोपियों के लगातार फरार चलने पर एसएसपी ने सभी फरार आरोपियों पर 25-25 हजार रुपए का ईनाम भी घोषित किया था।

इसके बाद दोस्तो फरार इनामी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए थाना प्रेमनगर पर गठित पुलिस टीमों ने अलग-अलग राज्यों में दबिश दी और जो जानकारी मिली उसके आधार पर फरार चल रहे मुख्य आरोपी समेत 2 इनामी आरोपी प्रहलाद राज और अंकुर सिंह को थाना बांगमुण्डी पश्चिम बंगाल से 9 अप्रैल को गिरफ्तार किया गया। जिन्हें न्यायालय के समक्ष पेश कर ट्रांजिट रिमांड पर देहरादून लाया गया। वहीं दोस्तो ये तस्वार देखने को मिली जो आपने इससे पहले उत्तराखंड़ में नहीं देखी होगी। दोस्तो पूरे मामले पर थाना प्रेमनगर प्रभारी नरेश राठौर ने पुलिस फोर्स के साथ दोनों आरोपी प्रहलाद राज और अंकुर सिंह को प्रेमनगर थाना क्षेत्र में हथकड़ी लगाए नंगे पैर परेड कराई गई। आम जनता के बीच में थानाध्यक्ष ने कहा कि, इस तरह के जुर्म करने वाले आरोपियों को उत्तराखंड पुलिस सही जगह भेजने का काम करती है। दोनों आरोपियों को क्राइम सीन तक ले जाया गया है। तो कुल मिलाकर देहरादून के इस सनसनीखेज मामले में पुलिस की सख्त कार्रवाई ने एक तरफ जहां अपराधियों के खिलाफ कड़ा संदेश देने का काम किया है, वहीं दूसरी तरफ इस तरह की सार्वजनिक परेड को लेकर कानूनी और नैतिक बहस भी तेज हो गई है। दोस्तो दिव्यांशु जटराना हत्याकांड में पुलिस की यह कार्रवाई क्या अपराध पर लगाम लगाने का असरदार तरीका साबित होगी, या फिर इसे लेकर आगे और सवाल खड़े होंगे—यह देखना अभी बाकी है। फिलहाल पुलिस का कहना है कि कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए ऐसे सख्त कदम जरूरी हैं।