देहरादून: पुलिस परिजनों द्वारा ग्रेड पे मामले में आंदोलन की चेतावनी के बाद पुलिस महकमे ने चार पुलिस कर्मियों को निलंबित कर दिया है। बीते रोज राजधानी देहरादून में पुलिस के परिजनों ने पुलिस के ग्रेड-पे को लेकर एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की थी, जिसमें कई पुलिसकर्मियों के परिजन शामिल हुए थे। लेकिन अब पुलिस मुख्यालय ने इस पर कड़ा एतराज जताते हुए तीन पुलिसकर्मियों को पुलिस आचार संहिता नियमावली तोड़ने का दोषी पाए जाने पर सस्पेंड कर दिया है।
निलंबित पुलिस कर्मियों में एसडीआरएफ यमुनोत्री में तैनात कुलदीप भंडारी, चमोली में तैनात दिनेश, पीएचक्यू में तैनात हरिंदर सिंह और लक्खीबाग चैकी में तैनात मनोज बिष्ट शामिल हैं। उल्लेखनीय है कि पुलिस परिजनों ने रविवार को ग्रेड पे मामले में राजधानी दून में प्रेस कान्फ्रेंस कर आंदोलन की चेतावनी दी थी। पुलिस परिजनों का कहना था कि सरकार ने उनके साथ विश्वासघात किया है। इस कार्रवाई को तानाशाही बताते हुए आंदोलन जारी रखने की बात कही है।
आपको बताते चलें कि बीते रविवार को आशा भंडारी सहित कई महिलाओं ने प्रेस क्लब में पत्रकार वार्ता आयोजित कर अगले रविवार से पूरे प्रदेश स्तर पर आंदोलन छेड़ने की चेतावनी दी थी।उन्होंने सरकार को एक सप्ताह का समय दिया था। उनका आरोप है कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विधानसभा चुनाव से पहले 2001 बैच के पुलिस कर्मचारियों को 4600 ग्रेड पे देने की घोषणा की थी, जो अभी तक पूरी नहीं हो पाई है। अब देखना होगा वह पुलिसकर्मियों पर हुई इस कार्रवाई के बाद इस आंदोलन को क्या दिशा मिलती है ?