उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद की परीक्षा में फर्जी प्रवेशपत्र के जरिए नकल कराने के सनसनीखेज मामले का खुलासा हुआ है। हरिद्वार के रानीपुर क्षेत्र में पुलिस ने एक प्रधानाचार्य को गिरफ्तार किया है, जिसने ट्यूशन पढ़ने वाली छात्रा के परिजनों से रुपये लेकर उसे पास कराने का झांसा दिया। आरोपी ने छात्रा के स्थान पर दूसरी छात्रा को परीक्षा दिलवाने की साजिश रची और फर्जी प्रवेशपत्र तैयार कराया। बृहस्पतिवार को ज्वालापुर निवासी आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई, जिसमें उसने स्वयं को ज्वालापुर स्थित अल्मोडिया इस्लामिक हाई स्कूल का प्रधानाचार्य बताया। साथ ही उसने “द सक्सेज प्वॉइंट” नाम से व्हाट्सऐप/सामाजिक मीडिया समूह के जरिए ऑनलाइन कोचिंग चलाने की बात भी स्वीकार की। मामले पर पुलिस अधीक्षक नगर अभय कुमार ने कहा कि परीक्षा की शुचिता से किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने बताया कि आरोपी ने आर्थिक लाभ के लिए सुनियोजित तरीके से फर्जी प्रवेशपत्र तैयार कराया और परीक्षा व्यवस्था को धोखा देने का प्रयास किया। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उसे न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। पुलिस अधीक्षक नगर ने स्पष्ट किया कि बोर्ड परीक्षाओं में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए अभियान जारी रहेगा और ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जाएगी।