उत्तराखंड सरकार ने मदरसा बोर्ड को समाप्त कर अब राज्य अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण के माध्यम से पढ़ाई कराने का फैसला किया हैँ। जिसके चलते अब सभी मदरसों को इसी प्राधिकरण के तहत अपने को रजिस्टर्ड कराना होगा। वहीँ उत्तराखंड मदरसा बोर्ड के वर्तमान अध्यक्ष मुफ़्ती शमून काज़मी का कहना हैँ कि इससे मदरसों की शिक्षा व्यवस्था को और बेहतर किया जाएगा साथ ही किसी भी तरह की धार्मिक पढ़ाई करने पर भी यहाँ पाबन्दी नहीं होगी। इतना जरूर हैँ किसभी अब एक तरीके की शिक्षा को ग्रहण करने का काम करेंगे।