जी हां दोस्तो टिहरी झील के आसमान में रोमांच, लेकिन पल भर में खतरा! क्या एक छोटी सी चूक बड़े हादसे में बदल सकती थी? क्या सुरक्षा इंतज़ाम इतने मज़बूत थे कि जान बचाई जा सके? एशिया के सबसे बड़े बांध के किनारे चल रहे अंतरराष्ट्रीय एक्रो फेस्टिवल में, जब दो पैराग्लाइडर अनियंत्रित होकर सीधे झील में गिरे — तो हर सांस थम गई। Paragliders Fell Into Tehri Lake लेकिन सवाल ये है क्या हादसे से पहले सिस्टम पूरी तरह तैयार था? पूरी खबर रिपोर्ट के जरिए आप तक। दोस्तो एशिया के सबसे बड़े बांधों में शुमार टिहरी झील के किनारे कोटी कॉलोनी में चल रहे एक्रो फेस्टिवल एवं एसआईवी चैंपियनशिप में बड़ा हादसा होने से टल गया। जहां आसमान में दो पैराग्लाइडर अनियंत्रित होकर सीधे टिहरी झील में गिर गए। गनीमत रही कि टिहरी झील में पहले से ही एसडीआरएफ की विशेष रेस्क्यू टीमें तैनात थी जिन्होंने रेस्क्यू कर दोनों पैराग्लाइडरों की जान बचाई। जी हां दोस्तो टिहरी झील में गिरे दो पैराग्लाइडर, बता दें कि टिहरी झील के किनारे कोटी कॉलोनी में टिहरी एक्रो फेस्टिवल एवं नेशनल एसआईवी चैंपियनशिप 2026 चल रहा है. इसी कड़ी में आयोजित पैराग्लाइडिंग गतिविधियों के दौरान दो पैराग्लाइडर अनियंत्रित होकर टिहरी झील में गिर गए। सुरक्षा व्यवस्था के दृष्टिगत प्रतापनगर क्षेत्र और टिहरी झील में एसडीआरएफ की विशेष रेस्क्यू टीमें पहले से ही तैनात की गई थी। अब आकपको बताता हूं कैसे एसडीआरएफ की टीम ने दोनों पायलटों का किया रेस्क्यू थोड़ा गौर कीजिएगा। दोस्तो घटना की सूचना मिलते ही मौके पर मौजूद एसडीआरएफ की टीम तत्काल बिना समय गंवाए दोनों पैराग्लाइडर पायलटों तक पहुंची। जिसके बाद रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया। जिसके तहत दोनों पायलटों को सुरक्षित रूप से झील से बाहर निकाला गया।
प्राथमिक जांच में दोनों पायलट पूरी तरह से सुरक्षित पाए गए। जिन्हें आवश्यक प्राथमिक चिकित्सकीय परीक्षण के बाद सुरक्षित स्थान पर भेज दिया गया। दोस्तो ये पहला मौका नहीं है जब रोमांचमें बिघने पड़ते पड़ते रह गया। इससे पहले भी टिहरी में साल 2024 में आयोजित एक्रो पैराग्लाइडिंग चैंपियनशिप में पहले ही दिन हादसा हो गया था। जहां पैराग्लाइडिंग कंपटीशन के दौरान एक एक्रो पायलट हार्दिक कुमार निवासी करनाल (हरियाणा) संतुलन बिगड़ने से टेक ऑफ प्वॉइंट (प्रतापनगर) पर ही गिरकर चोटिल हो गया था। मौके पर मौजूद एसडीआरफ के जवानों ने घायल एक्रो पायलट को स्ट्रेचर से मुख्य मार्ग तक पहुंचाया फिर एंबुलेंस के जरिए से एम्स ऋषिकेश भेज गया था। यहां दोस्तो मै आपको बता दूं कि टिहरी झील के तट पर स्थित कोटी कॉलोनी में अंतरराष्ट्रीय एक्रो फेस्टिवल 2026 चल रहा है। जिसमें 11 देशों के 57 प्रतिभागी खिलाड़ी अपनी रोमांचक एक्रोबेटिक एवं साहसिक खेल प्रतिभाओं का प्रदर्शन कर रहे हैं। इस एक्रो फेस्टिवल में एरियल सिल्क, एरियल हूप, स्लैकलिन, पैरा संबंधित एक्रोबेटिक खेलों समेत तमाम रोमांचक गतिविधियों का प्रदर्शन किया जा रहा है तो दोस्तो ये साफ़ है कि टिहरी झील में आज जो बड़ा हादसा टला,वो सिर्फ़ किस्मत नहीं, बल्कि पहले से तैनात SDRF की तत्परता का नतीजा था। रोमांच अपनी जगह है, लेकिन सुरक्षा से कोई समझौता नहीं। अब ज़रूरत है कि ऐसे अंतरराष्ट्रीय आयोजनों में सुरक्षा मानकों को और सख़्ती से लागू किया जाए, नताकि रोमांच के साथ भरोसा भी बना रहे।