उत्तराखंड के पंचायतीराज मंत्री मदन कौशिक ने देहरादून विधानसभा स्थित कार्यालय में विभागीय अधिकारियों के साथ एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक में प्रदेश की ग्राम पंचायतों को मजबूत और आधुनिक बनाने के लिए कई बड़े फैसले लिए गए। कैबिनेट मंत्री ने ग्रामीण विकास को गति देने के लिए अधिकारियों को सख्त निर्देश जारी किए हैं कि राज्य में नए पंचायत भवनों के निर्माण और जीर्ण-शीर्ण भवनों की मरम्मत के लिए तुरंत आवश्यक धनराशि जारी की जाए। इसके साथ ही, पंचायतों को मिलने वाले विकास अनुदान को 10 लाख रुपये से बढ़ाकर 20 लाख रुपये करने की महत्वपूर्ण प्रक्रिया पर तेजी से काम करने के निर्देश दिए गए हैं।
ग्रामीणों को डिजिटल सेवाओं से जोड़ने के लिए मंत्री मदन कौशिक ने सभी पंचायत भवनों में अनिवार्य रूप से इंटरनेट कनेक्टिविटी सुनिश्चित करने का आदेश दिया है, जिससे ग्रामीणों को दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें। इसके अलावा, बुनियादी ढांचे को सुधारने के लिए छठे राज्य वित्त आयोग के तहत उपनल (UPNL) के माध्यम से ब्लॉकों में तैनात कनिष्ठ अभियंताओं (JEs) की सेवाएं जारी रखने के लिए जल्द ही एक कैबिनेट प्रस्ताव लाया जाएगा। सरकार ने राज्य के प्रत्येक ब्लॉक में 5 गांवों को ‘मॉडल विलेज’ के रूप में विकसित करने और वहां जल निकासी व वेस्ट मैनेजमेंट (कूड़ा निस्तारण) की पुख्ता व्यवस्था करने का भी संकल्प लिया है।