दोस्तो, उत्तरकाशी में भारी बारिश और भूस्खलन के बीच ऐसी तस्वीरें सामने आई हैं, जिन्होंने हर किसी को हैरान कर दिया है। पहाड़ से गिरते मलबे और बढ़ते खतरे के बीच SDRF के जवानों ने अपनी जान की परवाह किए बिना मोर्चा संभाला और करीब 100 तीर्थयात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला। Uttarkashi Landslide कैसे खतरे के बीच जवानों ने बनाया रास्ता, कैसे एक-एक यात्री को सुरक्षित निकालने के लिए SDRF की टीम ने चलाया रेस्क्यू ऑपरेशन। दोस्तो उत्तराखंड के उत्तरकाशी में भूस्खलन हुआ है। भूस्खलन से यमुनोत्री यात्रा मार्ग प्रभावित हुआ है। यात्रा मार्ग प्रभावित होने से तीर्थयात्री रास्ते में फंस गए। इसके बाद राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (SDRF) ने करीब 100 तीर्थयात्रियों को सुरक्षित निकाला है। भूस्खलन की सूचना के बाद SDRF टीम मौके पर पहुंची और रास्ते में फंसे श्रद्धालुओं को रेस्क्यू करके सुरक्षित निकाला। यह भूस्खलन यमुनात्री मार्ग पर स्यानाचट्टी के पास हुआ है। दोस्तो, यमुनात्री मार्ग पर स्यानाचट्टी के पास भूस्खलन हुआ है। भूस्खलन की वजह से पहाड़ी का मलबा और बोल्डर सड़क पर गिर गए। जिसकी वजह से यमुनात्री मार्ग अवरुद्ध हो गया और आवागमन पूरी तरह से बंद हो गया। रास्ता बंद होने से बड़ी संख्या में तीर्थयात्री रास्ते में फंस गए। भूस्खलन की सूचना पर हेड कांस्टेबल दुर्गेश रतूड़ी के नेतृत्व में बरकोट पोस्ट से एसडीआरएफ की टीम आवश्यक बचाव उपकरणों के साथ घटनास्थल पर पहुंची। इसके साथ ही हेड कांस्टेबल राजेश कुमार के नेतृत्व में जानकीचट्टी पोस्ट से एसडीआरएफ की एक अन्य टीम भी घटनास्थल पर पहुंची। एसडीआरएफ की टीम ने मौके पर पहुंच कर बचाव कार्य शुरू किया। दोस्तो भूस्खलन की वजह से पूरी तरह से रास्ता बंद हो गया था। ऐसे में बचाव टीम को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। SDRF टीम ने रास्ते पर रस्सियां बांधकर एक सुरक्षित वैकल्पिक मार्ग बनाया।
इसके बाद SDRF टीम ने बेहद सावधानी के साथ प्रभावित क्षेत्र से फंसे लगभग 100 तीर्थयात्रियों को एक-एक करके सफलतापूर्वक सुरक्षित निकाला। दोस्तो उत्तराखंड में बारिश की वजह से लैंडस्लाइड की घटनाएं बढ़ गई हैं। उत्तरकाशी में स्यानाचट्टी के पास भूस्खलन हुआ है। जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने स्यानाचट्टी के भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण किय है। उन्होंने अधिकारियों को हाईवे पर यातायात जल्द बहाल करने के लिए वैकल्पिक मार्ग का निर्माण युद्धस्तर पर करने और सभी जरूरी संसाधन तत्काल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। इसके साथ ही यमुना नदी पर निर्माणाधीन पुल का कार्य एक सप्ताह के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए हैं। दोस्तो, उत्तरकाशी के स्यानाचट्टी के पास भूस्खलन के कारण बंद हुए यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग को खोलने का काम तेजी से जारी है। प्रशासन और संबंधित विभाग की टीमें मौके पर जुटी हुई हैं और मार्ग बहाल करने के प्रयास किए जा रहे हैं। यात्रियों से अपील की गई है कि वे पुलिस और प्रशासन के दिशा-निर्देशों का पालन करें, धैर्य बनाए रखें और मौसम व सड़क की स्थिति को देखते हुए ही सुरक्षित यात्रा करें। लेकिन दोस्तो एक और तस्वीर जो मुझे देखने को मिली वो ये कि एक तरफ मौसम ने आम लोगों के साथ तीर्थ यात्रियों को अलर्ट रहने के मजबूर कर दिया तो वहीं पुलिस प्रशासन। दोस्तो, उत्तराखंड के पहाड़ों में मानसून के दौरान सफर करना किसी चुनौती से कम नहीं है। एक तरफ लगातार बारिश और भूस्खलन लोगों की मुश्किलें बढ़ा रहे हैं, तो दूसरी तरफ SDRF, पुलिस और प्रशासन के जवान दिन-रात मोर्चे पर डटे हुए हैं। दोस्तो स्यानाचट्टी की तस्वीरें बताती हैं कि खतरा कितना बड़ा था, लेकिन हौसले उससे भी मजबूत थे। फिलहाल यमुनोत्री हाईवे को सुचारु करने का काम तेजी से जारी है। ऐसे में यात्रियों से अपील है कि मौसम और सड़क की स्थिति को देखते हुए ही यात्रा करें और प्रशासन के निर्देशों का पालन करें।