जी हां दोस्तो क्या बदरीनाथ धाम के चढ़ावा चोरी मामले में अब एक-एक परत खुलने वाली है? क्या प्रमोद नौटियाल की गिरफ्तारी के बाद एसआईटी को ऐसे सुराग मिलेंगे, जो इस पूरे मामले की तस्वीर साफ कर देंगे? क्या यह कार्रवाई सिर्फ एक आरोपी तक सीमित रहेगी या जांच का दायरा और बढ़ेगा? आखिर एसआईटी को अब तक क्या मिला है? गिरफ्तारी के पीछे क्या वजह रही? और इस हाई-प्रोफाइल मामले में आगे जांच किस दिशा में बढ़ सकती है? बताउंगा आपको पूरी खबर अपनी इस रिपोर्ट के जरिए। दोस्तो बदरीनाथ धाम चढ़ावा चोरी मामले में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। मामले के आरोपी प्रमोद नौटियाल को एसआईटी ने गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तारी के बाद अब उनसे लगातार पूछताछ की जा रही है। माना जा रहा है कि पूछताछ में कई महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आ सकती हैं, जिनके आधार पर जांच आगे बढ़ सकती है। मै आपको बताने जा रहा हूं कि घटना के तकरीबन दो हफ्ते बाद क्यों बीकेटीसी के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी के पीए को गिफ्तारी किया गया और पुलिस ने क्या दिया है तर्क जांच के बारे में। दोस्तो पुलिस के घेरे के बीच में जो शख्स को आप मास्क पहले हुए देख रहे हैं वो ही है प्रमोद नोटियाल। बीकेटीसी के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी का पीए, जिसने मंदिर से चंदा चोरी किया और फरार हो गया, लेकिन अब गिरफ्तारी ही नहीं हुई। दोस्तो कहा ये जा रहा है कि प्रमोदी नोटियाल के साथ कई और लोंगो की मुश्किलें भी बढ़ने वाली है। अगर जांच सही तरीके से आगे बढी तो कई लोग बेनकाब होंगे।
खैर दोस्तो आगे बताता हूं बदरीनाथ धाम में चढ़ावा चोरी के चर्चित प्रकरण में चमोली पुलिस की विशेष जांच टीम (एसआईटी) ने बड़ी कार्रवाई की है। एसआईटी ने प्रमोद नौटियाल को देहरादून स्थित उनके आवास से गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीम सादी वर्दी में पहुंची थी। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को चमोली लाया गया, जहां आरोपी से मामले के संबंध में विस्तृत पूछताछ की जा रही है। पुलिस दोस्तो चमोली पुलिस ने गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए बताया कि आरोपी प्रमोद नौटियाल को रविवार देर रात उनके देहरादून स्थित आवास से गिरफ्तार किया गया। इसके पश्चात उन्हें चमोली लाया गया और प्रकरण से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर पूछताछ की जा रही है. बताया कि, जांच टीम दस्तावेजों,अभिलेखों और अन्य साक्ष्यों का परीक्षण कर रही है. पुलिस का कहना है कि मामले की निष्पक्ष और गहन जांच जारी है, जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। नियमानुसार आरोपी को न्यायालय में प्रस्तुत किया जाएगा। वही दोस्तो आपको ये बता दूं कि प्रमोद नौटिया की गिरफ्तारी पर लंबे समय से तलवार लटकी हुई थी। बीते दिन गिरफ्तारी से बचने के लिए प्रमोद नौटियाल उत्तराखंड हाईकोर्ट की शरण में गए और निलंबन आदेश और पुलिस की एफआईआर को हाईकोर्ट में चुनौती दी। हाईकोर्ट ने बीकेटीसी से स्थिति स्पष्ट करने को कहा था और मामले की सुनवाई के लिए 16 जुलाई की तारीख दी थी. लेकिन इससे पहले ही प्रमोद नौटियाल को गिरफ्तार कर लिया गया है।
वहीं इस मामले में कुछ और लोगों की भी गिरफ्तारी होने का अंदेशा जताया जा रहा है। दोस्तो इस महिने की शुरूआत में ही एक खुलासा हुआ था भैरव सेना के संस्थापक संदीप खत्री ने इस मामले का सबसे पहले खुलासा किया था। संदीप खत्री ने आरोप लगाया था कि उन्हें इस तरह की जानकारी मिली है कि बदरीनाथ मंदिर में भक्तों द्वारा दिए गए दान की चोरी हो रही है। भैरव सेना के संस्थापक के आरोपों के बाद उत्तराखंड में सियासी पारा चढ़ गया। मामले के सामने आने के बाद बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने चार सदस्य जांच समिति का गठन किया था। वहीं मामला सुर्खियों में आया तो प्रदेश सरकार ने भी तीन सदस्य उच्च स्तरीय जांच कमेटी गठित कर दी। वहीं बदरीनाथ धाम में चढ़ावा चोरी के आरोप में बीकेटीसी कर्मचारी प्रमोद नौटियाल को निलंबित किया गया। साथ ही उस पर मुकदमा भी दर्ज किया गया, आगे और क्या क्या खुलासे होंगे प्रमोद नौटियाल की गिरफ्तारी के बाद देखना होगा, क्या सिर्फ एक प्रमोद नौटियाल ही हैं जो चंदा चोर हैं और कितना पैसा बद्रीनाथ धाम से अब तक पैसा चोरी हो चुका है, अब तक। इसका हिसाब भी अब कोर्ट मांगेगा बीकेटीसी से इंतजार एसआईटी की जांच में क्या निकलता है इसका है और इंतजार रहेगा 16 जुलाई की तारीख का भी जब चंदा चोर की होगी कोर्ट में पेशी।