रामनगर में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक रिजॉर्ट में चल रहे कथित हाई-प्रोफाइल सेक्स रैकेट और अन्य अवैध गतिविधियों का पर्दाफाश किया है। छापेमारी के दौरान 62 लोगों को हिरासत में लिया गया है जिनमें एक नाबालिग लड़की और एक नाबालिग किशोर भी शामिल हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए रिजॉर्ट को सील कर दिया गया है, जबकि उसका जनरल मैनेजर फरार बताया जा रहा है। पुलिस पूरे नेटवर्क की गहन जांच में जुटी हुई है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल डॉ मंजू नाथ टीसी के निर्देशन में की गई इस कार्रवाई में पुलिस ने एक रिजॉर्ट पर छापा मारा जहां कथित तौर पर देह व्यापार और अन्य गैरकानूनी गतिविधियां संचालित किए जाने की सूचना मिली थी। शुरुआती जांच में पुलिस को ऐसे कई साक्ष्य मिले हैं जिनसे यह मामला एक संगठित नेटवर्क से जुड़ा प्रतीत हो रहा है। पुलिस के अनुसार रिजॉर्ट में आयोजित पार्टी केवल मनोरंजन के लिए नहीं थी। जांच में सामने आया है कि पार्टी के आयोजन से करीब दस दिन पहले आयोजकों ने रिजॉर्ट के जनरल मैनेजर लखेंद्र चौधरी से संपर्क किया था। आरोप है कि पार्टी के लिए शराब महिलाओं और कथित अतिरिक्त सेवाओं की व्यवस्था करने की बात भी हुई थी।जांच में यह भी सामने आया है कि 4 से 5 जुलाई 2026 तक के लिए रिजॉर्ट लगभग 2 लाख 20 हजार रुपये में बुक कराया गया था। पुलिस का दावा है कि राहुल गुप्ता उर्फ सन्नी ने सुनील कुमार के माध्यम से महिलाओं की व्यवस्था कराई थी और प्रत्येक महिला के लिए करीब 10 हजार रुपये तय किए गए थे। अब पुलिस पूरे आर्थिक लेन देन और इससे जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।
पूछताछ के दौरान पुलिस को यह भी जानकारी मिली कि रिजॉर्ट के जनरल मैनेजर ने कर्मचारियों को निर्देश दिए थे कि पार्टी में आने वाले मेहमानों और महिलाओं का विवरण आगंतुक रजिस्टर में दर्ज न किया जाए। पुलिस का मानना है कि ऐसा संभावित साक्ष्यों को छिपाने और जांच को प्रभावित करने के उद्देश्य से किया गया। इन्हीं तथ्यों के आधार पर पुलिस ने रिजॉर्ट को सील कर दिया है। मामले में जनरल मैनेजर लखेंद्र चौधरी फिलहाल फरार है और उसकी तलाश में पुलिस की टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। वहीं छापेमारी के दौरान हिरासत में लिए गए 62 लोगों से पूछताछ जारी है। पुलिस मोबाइल फोन दस्तावेज और डिजिटल रिकॉर्ड की भी जांच कर रही है ताकि पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जा सके। नाबालिग लड़की और नाबालिग किशोर के मिलने के बाद मामले को और अधिक संवेदनशील माना जा रहा है। पुलिस बाल संरक्षण से जुड़े सभी कानूनी प्रावधानों के तहत भी कार्रवाई कर रही है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि क्या इस तरह की पार्टियां पहले भी आयोजित की जाती रही हैं।
एसएसपी डॉ मंजू नाथ टीसी ने कहा कि जिले में किसी भी प्रकार की गैरकानूनी गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। देह व्यापार नशे और अपराध से जुड़े मामलों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। इस कार्रवाई को सफलतापूर्वक अंजाम देने वाली पुलिस टीम को 2,500 रुपये के नगद पुरस्कार से सम्मानित करने की भी घोषणा की गई है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की हर कड़ी को जोड़ने में जुटी है। फरार जनरल मैनेजर की तलाश जारी है और जांच के आधार पर अन्य संदिग्धों की भी पहचान की जा रही है। पुलिस का कहना है कि साक्ष्यों के आधार पर जो भी दोषी पाया जाएगा उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।