जी हां दोस्तो बड़ी और चौंकाने वाली खबर कॉर्बेट नेशनल पार्क से सामने आई, जहां दो हथिनियों तुंगा और कपिला के रहस्यमय तरीके से गायब होने से हड़कंप मचा हुआ है। सवाल ये है कि क्या वाकई जंगली हाथी उन्हें अपने साथ ले गए? या फिर इसके पीछे कोई और कहानी छिपी है? वन विभाग भी अलर्ट मोड में है और लगातार तलाश जारी है। आखिर कहां हैं तुंगा और कपिला? पूरी जानकारी आपको आगे विस्तार से बताउंगा। दोस्तो ये कहानी दो हथिनियों के अचानक गायब होने की तो है साथ सवाल इस बात का भी क्या जंगली हाथी भगा ले गए कार्बेट की इन दो हथिनियों को जिनका नाम है, तुंगा और कपिला। दोस्तो उत्तर प्रदेश के बिजनौर स्थित जिम कार्बेट टाइगर रिजर्व से दो पालतू और प्रशिक्षित हथिनियों के रहस्यमय तरीके से लापता होने का मामला सामने आने के बाद वन विभाग में हड़कंप मचा हुआ है। दोस्तो बिजनौर और आसपास के वन क्षेत्रों में भी इस घटना की चर्चा तेज है। कॉर्बेट प्रशासन को आशंका है कि दोनों हथिनियां जंगली नर हाथियों के झुंड के साथ जंगल के भीतर चली गई हैं। लगातार सर्च ऑपरेशन चलाने के बावजूद अब तक उनका कोई सुराग नहीं लग पाया है।
अब सवाल ये है कि तुंगा-कपिला नाम की ये दोनों हथिनियां कहां चली गईं? दोस्तो जानकारी के अनुसार, तुंगा और कपिला नाम की दोनों हथिनियां कॉर्बेट टाइगर रिजर्व की झिरना रेंज में तैनात थीं। मंगलवार को रोजाना की तरह उन्हें चरने के लिए खुले क्षेत्र में छोड़ा गया था, लेकिन शाम तक दोनों वापस कैंप में नहीं लौटीं। इसके बाद वन विभाग ने आसपास के जंगलों में खोजबीन शुरू कर दी। दोस्तो तलाश जारी रही, मगर हथिनियों का कोई पता नहीं चल सका। वहीं इस घटना के बाद वन विभाग के कर्मचारियों के साथ ही अधिकारियों की बैचानी बढती चली गई। दोस्तो वन अधिकारियों का कहना है कि दोनों हथिनियां बेहद प्रशिक्षित हैं और साल 2016 से कॉर्बेट पार्क की सुरक्षा व्यवस्था का अहम हिस्सा रही हैं। जंगल में गश्त, बाघों की निगरानी और संवेदनशील इलाकों में पेट्रोलिंग जैसे महत्वपूर्ण कार्यों में इनकी तैनाती रहती थी। सामान्यतः चरने के बाद दोनों हथिनियां खुद ही वापस कैंप लौट आती थीं, लेकिन इस बार ऐसा नहीं हुआ। वहीं दोस्तो, कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के प्रशासन की सांसे भी इस घटना के बाद फूली हुई हैं जिस पर दोस्तो कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के उपनिदेशक कहते हैं कि प्रारंभिक तौर पर यह संभावना जताई जा रही है कि दोनों मादा हाथी जंगली हाथियों के संपर्क में आकर उनके झुंड के साथ भीतर के जंगलों में चली गई हों। जंगल का इलाका काफी घना और विस्तृत होने के कारण सर्च ऑपरेशन में कठिनाई आ रही है। दरअसल, दोस्तो साल 2016 में कर्नाटक से 12 प्रशिक्षित हाथियों को कॉर्बेट टाइगर रिजर्व लाया गया था। इन हाथियों को अलग-अलग रेंजों में तैनात किया गया था ताकि जंगल में नियमित गश्त और वन्यजीव सुरक्षा को मजबूत किया जा सके। तुंगा और कपिला भी उसी दल का हिस्सा थीं और लंबे समय से झिरना रेंज में सेवाएं दे रही थीं। वन विभाग की टीमें लगातार जंगल के भीतर सर्च अभियान चला रही हैं। हथिनियों की लोकेशन का पता लगाने के लिए अनुभवी महावतों और वनकर्मियों की मदद ली जा रही है। फिलहाल दोनों हथिनियों के सुरक्षित मिलने की उम्मीद में विभाग लगातार निगरानी बनाए हुए है। तो दोस्तो ये थी कॉर्बेट टाइगर रिजर्व से जुड़ी अब तक की सबसे रहस्यमय खबर, जहां तुंगा और कपिला नाम की दो प्रशिक्षित हथिनियां अचानक लापता हो गई हैं, और वन विभाग लगातार उनके सुराग में जुटा हुआ है। सवाल अब भी वही है—क्या ये दोनों हथिनियां वाकई जंगली हाथियों के झुंड के साथ चली गईं, या फिर जंगल के भीतर कोई और राज़ छिपा है?फिलहाल सर्च ऑपरेशन जारी है, महावतों और वनकर्मियों की टीमें हर संभावित इलाके में उनकी तलाश कर रही हैं, लेकिन अब तक कोई पुख्ता जानकारी सामने नहीं आई है।दोस्तो, कॉर्बेट जैसे संवेदनशील क्षेत्र में इस तरह की घटना ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं और पूरे वन विभाग को अलर्ट पर ला दिया है। उम्मीद की जा रही है कि दोनों हथिनियां जल्द सुरक्षित मिलेंगी और इस रहस्य से पर्दा उठेगा।