कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दिवंगत पिता को लेकर की गई टिप्पणी के खिलाफ उत्तराखंड (देवभूमि) में राजनीतिक माहौल पूरी तरह गरमा गया है। पटना में एक जनसभा के दौरान खड़गे द्वारा दिए गए इस बयान के विरोध में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के कार्यकर्ताओं ने प्रदेशव्यापी मोर्चा खोल दिया है। राजधानी देहरादून से लेकर हल्द्वानी, हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर समेत राज्य के सभी 13 जिलों में भाजपा कार्यकर्ताओं ने सड़कों पर उतरकर उग्र प्रदर्शन किया और कांग्रेस अध्यक्ष का पुतला फूंका। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस बयान पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि सत्ता से बाहर होने की छटपटाहट में कांग्रेस नेताओं का मानसिक संतुलन बिगड़ चुका है और देश की जनता प्रधानमंत्री पद के इस अपमान का जवाब लोकतांत्रिक तरीके से देगी।
दूसरी ओर, इस चौतरफा घमासान के बीच कांग्रेस रक्षात्मक मुद्रा में नजर आ रही है और उसने बयान को तोड़-मरोड़कर पेश करने का आरोप लगाया है। उत्तराखंड कांग्रेस के नेताओं का दावा है कि मल्लिकार्जुन खड़गे के बयान को संदर्भ से अलग देखा जा रहा है, और उनका इशारा प्रधानमंत्री के जैविक पिता की तरफ नहीं, बल्कि उनके वैचारिक संगठन (RSS) की तरफ था। हालांकि, भाजपा इस स्पष्टीकरण को खारिज करते हुए खड़गे से सार्वजनिक और बिना शर्त माफी की मांग पर अड़ी हुई है। देवभूमि के इस राजनीतिक बवाल ने आगामी स्थानीय और सांगठनिक चुनावों से ठीक पहले राज्य में कांग्रेस और भाजपा के बीच के टकराव को चरम पर पहुंचा दिया है।