उत्तराखंड में मानसून की विदाई के बाद एक बार फिर मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया है। मौसम विज्ञान केंद्र ने राज्य में 6 अक्टूबर से 11 अक्टूबर 2026 तक के लिए येलो अलर्ट जारी करते हुए कुमाऊं और गढ़वाल दोनों मंडलों के पर्वतीय क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश, गरज-चमक और तेज हवाएं चलने का पूर्वानुमान जताया है। इस दौरान नैनीताल, चंपावत, अल्मोड़ा, देहरादून, टिहरी और पौड़ी जैसे पहाड़ी जिलों में आकाशीय बिजली गिरने की भी आशंका है। हालांकि, राहत की बात यह है कि राज्य के अधिकांश मैदानी इलाकों में इस अवधि के दौरान मौसम मुख्य रूप से शुष्क और साफ बने रहने की उम्मीद है।
इस मौसमी बदलाव के कारण उत्तराखंड के ऊंचे पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी का दौर भी शुरू होने वाला है, जिससे तापमान में भारी गिरावट आएगी। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, 6 से 8 अक्टूबर तक 4,200 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी होगी, जबकि 9 से 11 अक्टूबर के बीच यह दायरा बढ़कर 3,800 मीटर तक की ऊंचाई वाले इलाकों को अपनी चपेट में ले लेगा। ऐसे में उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग और पिथौरागढ़ जैसे उच्च हिमालयी क्षेत्रों में कड़ाके की ठंड की शुरुआत हो जाएगी। प्रशासन ने चारधाम यात्रियों और स्थानीय लोगों को बदलते मौसम को देखते हुए सतर्क रहने और गर्म कपड़ों के साथ यात्रा करने की सलाह दी है।