दोस्तों, उत्तराखंड पुलिस में क्या एक नई बहस शुरू हो गई है? जंतर-मंतर आंदोलन के दौरान निलंबित हुए शेर सिंह का मामला अभी ठंडा भी नहीं पड़ा था कि अब एक और पुलिसकर्मी का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। इस वीडियो में सिपाही अमित कुमार, शेर सिंह के समर्थन में बोलता दिखाई दे रहा है। वीडियो सामने आने के बाद विभाग ने उस पर भी कार्रवाई करते हुए निलंबित कर दिया है। आखिर वायरल वीडियो में ऐसा क्या कहा गया? क्या यह मामला अब पुलिस विभाग के भीतर भी नई चर्चा का विषय बनता जा रहा है? दोस्तो दिल्ली के जंतर मंतर में हुए छात्र आंदोलन में इस्तीफे देने वाले पुलिस जवान शेर सिंह के बाद अब पुलिस की वर्दी में एक और व्यक्ति का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो के वायरल होते ही उत्तराखंड पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। यहां दोस्तो सोशल मीडिया पर पुलिस की वर्दी में एक और युवक का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है जो खुद को पिथौरागढ़ जिले में तैनात उत्तराखंड पुलिस का सिपाही बता रहा है। युवक का नाम अमित कुमार है जो शेर सिंह के समर्थन में खुलकर सामने आया है। अमित का कहना है कि वह भी पुलिस सेवा से इस्तीफा देना चाहता है। अमित का कहना है कि यदि शेर सिंह का एनकाउंटर किया गया तो उसका भी एनकाउंटर होना चाहिए। तो दोस्तो सुना आपने वीडियो में युवक कहता हुआ दिखाई दे रहा है कि दिल्ली के जंतर मंतर में गए शेर सिंह ने युवाओं का साथ दिया।
साथ ही उत्तराखंड पुलिस सेवा से इस्तीफा देने की बात कही थी। उन्होंने आरोप लगाया कि जंतर मंतर में हमारी बहन-भाइयों के साथ मारपीट की गई, तो उनके समर्थन में गया था। शेर सिंह का भी एनकाउंटर करने की बात कही जा रही है। साथ ही दोस्तो युवक यह बात भी कह रहा है कि अब उसे पुलिस की नौकरी नहीं करनी है और वह जल्द ही इस्तीफा देगा। अंत में वो जय भीम जय भारत उत्तराखंड के नारे लगाकर अपनी बात समाप्त करता हुआ दिखाई दे रहा है। वहीं दोस्तो आपको ये भी बता दूं कि शेर सिंह नाम की आईडी से अमित नाम के व्यक्ति का वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित हुआ है, जिसमें अमित उत्तराखंड पुलिस के जवानों के लिए 4600 ग्रेड पे की मांग उठाते हुए शेर सिंह का समर्थन का ऐलान भी करता हुआ दिखाई दे रहा है। वहीं दोस्तो इससे पहले सोशल मीडिया पर विभागीय नियमों के विपरीत आपत्तिजनक और भड़काऊ सामग्री पोस्ट करने के आरोप में अब पिथौरागढ़ में तैनात आरक्षी अमित कुमार को भी तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है और बताया जा रहा है अमित कुमार को 23 जुलाई 2026 को कांवड़ मेला ड्यूटी के लिए हरिद्वार भेजा गया था। आरक्षी ने 30 जुलाई 2026 को पुलिस वर्दी में सोशल मीडिया पर एक आपत्तिजनक वीडियो पोस्ट किया। मामले की गंभीरता को देखते हुए आरक्षी अमित कुमार को निलंबित कर दिया गया है जिसके खिलाफ विभागीय अनुशासनात्मक कार्रवाई भी शुरू कर दी है। लेकन दोस्तो जिस शेर सिंह के समर्थन में ये पुलिस कर्मी अपनी नौकरी को खतरे में डाल रहा है वो कौन है, उसने क्या किया कि पूरे उत्तराखंड पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।
इतना ही नहीं दोस्तो जब शेर सिंह पर कार्रवाई हुई तो उसने उत्तराखंड पुलिस अधिकारियों की पोल पट्टी खोलने की बात भी कही थी उसको भी सुना रहा हू देखिए । जी हां दोस्तो ये शेर सिंह और अमित कुमार खबर तो ये भी है कि अमित कुमार पर भी इससे पहले कार्रवाई हो चुकी है। खबरों के मुताबिक पुलिस विभाग के अनुसार, अमित कुमार का पूर्व में रुद्रप्रयाग से शिकायतों के आधार पर पिथौरागढ़ स्थानांतरण किया गया था। इसके अलावा उसके खिलाफ अनुशासनहीनता, ड्यूटी के प्रति लापरवाही और विभागीय निर्देशों की अवहेलना के मामलों में पहले भी विभागीय कार्रवाई की जा चुकी है और नियमानुसार दंडित किया गया था। तो दोस्तों, लगातार सामने आ रहे ऐसे मामलों ने उत्तराखंड पुलिस के भीतर अनुशासन और सोशल मीडिया के इस्तेमाल को लेकर नई बहस छेड़ दी है। एक ओर विभाग नियमों के उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई कर रहा है, तो दूसरी ओर सोशल मीडिया पर इन घटनाओं को लेकर अलग-अलग तरह की प्रतिक्रियाएं भी देखने को मिल रही हैं। फिलहाल अमित कुमार को निलंबित कर विभागीय जांच शुरू कर दी गई है और अब सभी की नजर इस जांच के नतीजों पर रहेगी।